Ott India News Logo
Recent Posts
Connect with:
Friday / September 30.
Homeकहानियांदेश एक, नाम अनेक, 75वें स्वतंत्रता दिवस पर जानिए इंडिया, हिन्दुस्तान और भारत की कहानी

देश एक, नाम अनेक, 75वें स्वतंत्रता दिवस पर जानिए इंडिया, हिन्दुस्तान और भारत की कहानी

India
Share Now

आज देशभर में 75वें स्वतंत्रता दिवस की धूम है, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से दिए गए अपने संबोधन में कई बड़ी बातें कहीं और कई अहम ऐलान भी किए, लेकिन क्या कभी आपने सोचा है कि जिस देश में हम रहते हैं, जहां हम आज आजादी की 75वीं सालगिरह मना रहे हैं, उसके कई नाम क्यों हैं.

 

हो सकता है कि इस बात का जिक्र करते ही आपको AIMIM  के विधायक अख्तरूल इमाम की याद जाए या हो सकता है आप इन्हें नहीं जानते हों, तो आपकी जानकारी के लिए इतना बता दें कि इन्होंने बिहार विधानसभा में शपथग्रहण के दौरान भारत शब्द का इस्तेमाल किया था और हिन्दुस्तान शब्द पर आपत्ति जताई थी. तब इस बात को लेकर खूब चर्चा हुई थी. कई दस्तावेज खंगाले जाने लगे थे, लेकिन उनकी बात खत्म हो गई और अब ये जानने का समय है कि आखिर हमारे देश को इंडिया (India), हिन्दुस्तान और भारत क्यों कहा जाता है. क्योंकि आम तौर पर लगभग सभी देशों का एक ही नाम है.

 

भारत नाम कैसे पड़ा?

दरअसल देश के नाम को लेकर कई कथाएं प्रसिद्ध हैं,  भारत का नाम प्राचीन काल से ही अलग रहा है, जैसे जम्बूद्वीप,  भारतखंड,  हिमवर्ष, भारतवर्ष,  आर्यावर्त,  हिंद,  हिंदुस्तान और भारत (Bharat). भारत नाम के पीछे महाभारत में एक कहानी है, ऐसा माना जाता है कि देश का नाम भरत भगवान राम के पूर्वज सम्राट भरत के नाम से लिया गया था, भरत राजा दुष्यंत और रानी शंकुतला देवी के पुत्र थे. ये राम के भाई भरत नहीं बल्कि उनके पूर्वज थे. उनके बारे में कहा जाता है कि ऋषि ने कालदा को आशीर्वाद दिया था कि भरत चक्रवर्ती सम्राट बनेंगे और भूमि का नाम भरत उनके नाम से प्रसिद्ध होगा.

कहा जाता है कि भरत नाम की उत्पत्ति राजा भरत के नाम से हुई, जिसके बाद राजा भरत ने पूरे भारत में अपना विस्तार किया और उनकी ख्याति पूरी दुनिया में फैल गई. राजा का साम्राज्य कश्मीर से कन्याकुमारी तक फैला हुआ था. वह बचपन से ही शेरों के साथ खेलते थे.

 

ये भी पढ़ें: आजादी की 75वीं सालगिरह पर कहानी राष्ट्रगान की…

 

ऐसी ही एक और कहानी 

एक और मान्यता यह है कि जब आर्य यहां आए, तो वे कई जनजातियों में फैल गए, जिनमें से सबसे बड़े को भारत कहा जाता था, इसलिए इसका नाम भारत पड़ा.

 

हिंदुस्तान नाम का कारण?

एक मान्यता यह भी है कि हिंदुस्तान नाम सिंधु नदी के नाम से लिया गया है. तुर्क और ईरानियों ने मध्य युग में भारत में प्रवेश किया. उन्होंने सिंधु घाटी के माध्यम से भारत में प्रवेश किया, इस तरह हिंदू देश को हिंदुस्तान नाम मिला, हिन्दुस्तान शब्द का नाम सिंधु नदी की वजह से रखे जाने की बात भी सामने आती है. प्राचीन कहानियों में अलग-अलग दावे हैं. यह भी कहा जाता है कि जब अंग्रेज भारत आए तो उन्हें हिंदुस्तान बोलने में कठिनाई हुई, जब उन्हें पता चला कि सिंधु घाटी का नाम सिंधु घाटी है, तो उन्होंने देश को भारत का नाम दिया. इसके अलावा कहा जाता है कि जब सिकंदर भारत आया तो उसने अंग्रेजी शब्द हिंदू से एच को हटा दिया और देश को इंदु के नाम से जाना गया, जिसके बाद यह भारत बन गया. तुर्क और ईरानियों के बाद अंग्रेज भारत आए, उन्होंने भारत का नाम सिंधु भी माना, यानी सिंधु नदी और नदी, माना जाता है कि सिंधु के नाम पर देश का नाम बदलकर भारत कर दिया गया था. संविधान में इंडिया (India) और भारत का उल्लेख है.

 

अधिक रोचक जानकारी के लिए डाउनलोड करें:-OTT INDIA App

Android:http://bit.ly/3ajxBk4

IOS: http://apple.co/2ZeQjTt

No comments

leave a comment