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Homeनेचर एंड वाइल्ड लाइफबारिश में दिखते पीले मेंढक का रहस्य

बारिश में दिखते पीले मेंढक का रहस्य

Bullfrog
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मेंढक एक उभयचर जीव है, जो पानी और ज़मीन दोनों जगह पर रह सकता है. विश्‍व में मेढकों की विभिन्‍न रंग बेरंगी प्रजातियां पायी जाती हैं. मेंढक मुख्‍यतः (Humidity)आर्द्र भूमि में पाये जाते हैं.  बात है भारत के सबसे बड़े मेंढक की.बात करेंगे मेंढक के एक विशेष प्रकार की. आपने कभी कोई ऐसा मेंढक देखा है जिसका आकार दूसरे मेंढक के मुकाबले काफी विशाल हो ? यदि हाँ, तो डरिए नहीं, आपने एक बुलफ्रॉग (Bullfrog) देखा होगा.

Bullfrog

Image-WIKIPEDIA

जो कि विशाल मेंढकों का एक प्रकार है. भारत में यदि मेंढकों की बात की जाए तो भारतीय उपमहाद्वीप में पाए जाने वाले Hoplobatrachus tigrinus बुलफ्रॉग का नाम आना स्‍वभाविक है. जिसका वजन 3 किलोग्राम तक हो सकता है. Hoplobatrachus tigrinus प्रकृति में ज्यादातर एकान्तवासी और निशाचर होते हैं. ऐसा माना जाता है कि जब यह अद्भुत मेंढक भयभीत होते हैं तो भूमि के समान ही पानी की सतह पर भी कूद सकते हैं.

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(Bullfrog) बुलफ्रॉग म्यांमार, बांग्लादेश, भारत, पाकिस्तान, अफगानिस्तान और नेपाल में व्‍यापक रूप से पाए जाते हैं. साथ ही मालदीव और मेडागास्कर में भी इनकी प्रजातियां उपलब्‍ध है. (Bullfrog) बुलफ्रॉग मीठे पानी वाली आर्द्रभूमि और जलीय आवास पसंद करते हैं. सामान्‍यतः ये तटीय और वन क्षेत्रों में रहना पसंद नहीं करते हैं. ये ऐसा स्थान चुनते हैं जहां ये स्थायी जल स्रोतों के पास छेद और झाड़ियों में निवास कर सकें. यह मेंढक लंबे समय तक पानी में नहीं रहता है.

यह अपना अधिकांश समय छिपने और आसपास की वनस्पतियों में भोजन करने में व्यतीत करता है. विभिन्न प्रकार के कीड़ों, चूहे, छछूंदर, युवा मेंढक, केंचुए, छोटे साँप और छोटे पक्षियों को खाते हैं. इनके शरीर का आकार चपटा होता है. इसके शरीर का ऊपरी भाग जैतुनी हरा तथा बीच-बीच में काले धब्बे युक्त होता है. इसके शीर्ष हिस्से को थूथन कहते हैं, जिसके दोनों ओर पार्श्व में नासिका छिद्र होते हैं.

Bullfrog

Image-Pinterest

गर्दन की अनुपस्थिति के कारण सिर सीधे धड़ से जुड़ा होता है. यही कारण है कि मेंढक का सिर अचल होता है. मेंढक एकलिंगी होता है अर्थात् नर मेंढक तथा मादा मेंढक अलग-अलग होते हैं. नर मेंढक में Vocal cord विकसित होते हैं जिससे ये ऊँची आवाज कर सकता है.

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जब मेटिग सिजन चालू होती है तब नर भारतीय बुलफ्रॉगऊंची आवाज निकालते है. साथ में मादा को लुभाने के लिए शरीर का रंग बदल लेते है.  जिसके मुंह के नीचे दो चमकदार नीली थैलियाँ होती हैं. यह नर अपने इन रंगों का प्रयोग मादा मेंढक को आकर्षित करने के लिए करते हैं.

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