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जानिए क्या है पीएम स्वामित्व योजना, जिनके लाभार्थियों से पीएम मोदी ने की बातचीत

PM Swamitva Yojana
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प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Modi) ने मध्य प्रदेश के पीएम स्वामित्व योजना (PM Swamitva Yojana) के लाभार्थियों से बातचीत की. इस दौरान पीएम मोदी ने कहा कि ये सिर्फ कानूनी दस्तावेज देने की योजना नहीं है, बल्कि इससे देश के गांवों का विकास होगा. गांव-मोहल्लों में उड़ रहा उड़न खटोला (Drone) भारत के गांवों को नई उड़ान देगा.

पीएम मोदी ने आगे कहा कि गांव के लोग जमीन और घर का इस्तेमाल पूरी तरह से अपने विकास के लिए नहीं कर पाते थे, बल्कि लड़ाई-झगड़े के साथ-साथ अवैध कब्जों से जुड़ी समस्याओं में ऊर्जा, समय और पैसा तीनों बर्बाद होता था. लेकिन इस योजना से गांवों को विकास होगा.

पीएम मोदी ने आगे कहा कि देश के गावों और गांवों की संपत्ति के साथ-साथ जमीन-घर से जुड़े रिकॉर्ड्स को अनिश्चितता के दौर से बाहर निकालना बेहद जरूरी है. इसलिए स्वामित्व योजना (PM Swamitva Yojana) से गांव के लोगों को बहुत बड़ी ताकत मिलेगी. पीएम मोदी ने इस योजना के लाभार्थियों से बातचीत कर कई अन्य उपलब्धियां भी गिनवाईं.

क्या है पीएम स्वामित्व योजना

पीएम स्वामित्व योजना (PM Swamitva Yojana) संपत्तिधारकों को मालिकाना हक देने से है. केन्द्र सरकार की ओर से शुरू की गई इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में घरों में रहने वाले और संपत्ति मालिकों को संपत्ति कार्ड जारी करना है. ताकि संपत्ति को लेकर विवाद न हो. बीते साल ही इसे पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर महाराष्ट्र, कर्नाटक, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, पंजाब और राजस्थान के कई गांवों में शुरू किया गया था.

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अलग-अलग प्रदेश में अलग-अलग है नाम

बड़ी बात ये है कि इस पीएम स्वामित्व योजना (PM Swamitva Yojana) के तहत जारी होने वाले संपत्ति कार्ड को अलग-अलग राज्यं में अलग-अलग नाम दिए गए हैं. हरियाणा में टाइटल लीड, कर्नाटक में रुरल प्रॉपर्टी ऑनरशिप रिकॉर्ड्स, मध्य प्रदेश में अधिकार अभिलेख, महाराष्ट्र में सनद, उत्तराखंड में स्वामित्व अभिलेख और उत्तर प्रदेश में घरौनी नाम दिया गया है. यानि जो संपत्ति कार्ड मिलेंगे, उन पर राज्यों के हिसाब से अगर नाम हो तो सोचने की जरूरत नहीं है. खास बात ये है कि गांवों का ड्रोन से सर्वे किया जाएगा, जिसके जरिए हर घर का क्षेत्रफल दर्ज किया जाएगा, फिर संपत्ति विवाद होने की आशंका कम होगी.

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