Ott India News Logo
Recent Posts
Connect with:
Thursday / September 29.
Homeन्यूजमंगल पर उतरा नासा का हेलीकॉप्टर!

मंगल पर उतरा नासा का हेलीकॉप्टर!

Mars Helicopter
Share Now

मिशन मार्स में नासा लगातार इतिहास रच रहा है. नासा ने पहले मार्स रोवर (Mars Rover) को मंगल के खतरनाक जेजीरो क्रेटर पर सफलतापूर्वक उतारा. उसके बाद मार्स रोवर परजसिवरेंस रोवर (Mars Rover Perseverance) ने मंगल के जेजीरो क्रेटर की फोटो खींचकर दूसरा कमाल किया. फिर मार्स रोवर (Mars Rover) ने पहली बार मंगल की सतह पर चलकर एक और हिस्ट्री लिख दी. ये सिलसिला अब आगे भी चलने वाला है.

 

NASA Mars Helicopter

मार्स रोवर

 

देखिए ये वीडियो: मंगल ग्रह पर हेलीकॉप्टर की पहली रात

 

मार्स रोवर के पेट में छिपा था हेलीकॉप्टर

अमेरिका अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) ने मंगल ग्रह की सतह पर पहली बार हेलीकॉप्टर उतारा है. इस हेलीकॉप्टर को मार्स पर्सिवरेंस रोवर (Mars Perseverance Rover) के पेट के नीचे कवर कर मंगल ग्रह पर भेजा गया था. यह बिलकुल कंगारुओं के बच्चों की तरह रोवर के पेट में छिपा था. इस हेलीकॉप्टर को इंजीन्यूटी मार्स हेलीकॉप्टर (Ingenuity Mars Helicopter) नाम दिया गया है. कुछ दिन पहले इंजीन्यूटी (Ingenuity) ने मार्स की हवा का स्वाद चखा था. अब उसने वहां की सतह को भी छू लिया है. अब नासा को उस वक्‍त का इंतजार है जब उनका हेलीकॉप्‍टर मंगल की सतह से उठकर उड़ान भरेगा. हेलीकॉप्‍टर इंजेंविनिटी (Ingenuity) एक और बुलंदी रचने के काफी करीब पहुंच चुका है. अगर सब कुछ सही रहा तो 8 अप्रैल 2021 को नासा का ये हेलीकॉप्‍टर मंगल ग्रह की धूल भरी सतह से उड़ान भरकर मंगल ग्रह का चक्‍कर लगाएगा. इस दौरान ये हेलीकॉप्‍टर मार्स रोवर के साथ एक केबल से जुड़ा होगा ताकि रोवर की निगाह हेलीकॉप्‍टर पर बनी रहे.

 

NASA

मंगल ग्रह पर हेलीकॉप्टसर इंजेंविनिटी

 

10 सेंटीमीटर का हेलीकॉप्टर

नासा के हेलीकॉप्‍टर ने मंगल पर सबसे बड़ा टेस्‍ट पास कर लिया है. मंगल ग्रह पर इंजेंविनिटी (Ingenuity) हेलीकॉप्‍टर ने -130 डिग्री फारेनहाइट यानी -90 डिग्री सेल्सियस के जमा देने वाले टेंपरेचर में खुले आसमान के नीचे रात गुजारी है. यह एक ऐसा पड़ाव था जिसको लेकर नासा के साइंटिस्ट्स काफी घबरा रहे थे. वैज्ञानिकों को इस बात का डर था कि मंगल पर हड्डी जमा देने वाला तापमान हेलीकॉप्‍टर को नुकसान पहुंचा सकता है, लेकिन सबुकछ ठीक रहा और साइंटिस्ट्स ने राहत की सांस ली. बता दें, मंगल पर दिन और रात के टेंपरेचर में काफी फर्क होता है. दिन में जहां भीषण गर्मी होती है तो वहीं रात में बेहद ठंड हो जाती है. अब आपको हैरान करने वाली सबसे बड़ी बात बताते हैं. मंगल पर गया नासा का हेलीकॉप्टर धरती पर घूमने वाले हेलीकॉप्टरों जैसा नहीं है. इसका साइज सिर्फ 10 सेंटीमीटर है.

 

हेलीकॉप्टर इंजेंविनिटी

 

अंतरिक्ष में एक और स्वर्णिम चैप्टर!

4 अप्रैल को इस छोटे से हेलीकॉप्टर को मंगल की सतह पर उतारा गया था. तब नासा ने खुद बताया था कि धरती से 471 मिलियन किमी का सफर तय कर हेलीकॉप्‍टर इंजेंविनिटी (Ingenuity) को मार्स पर्सिवरेंस रोवर से मंगल की सतह पर उतार दिया गया है. अमेरिकी स्पेस एजेंसी अगले मिशन के सफल होने पर प्रेस के लिए सवाल-जवाब का आयोजन करेगा. जिसमें छोटे हेलीकॉप्टर समेत पूरे प्रोजेक्ट के बारे में कोई भी सवाल किया जा सकता है. हर सवाल का जवाब नासा के एक्सपर्ट वैज्ञानिक देंगे. हम उम्मीद करते हैं कि जल्द से जल्द और पूरी सफलता के साथ नासा का छोटा हेलीकॉप्टर मंगल ग्रह के आसमान में उड़ान भर सके और अंतरिक्ष विज्ञान में एक और स्वर्णिम चैप्टर जुड़ जाए.

 

 

No comments

leave a comment